देहरादून में ‘प्रोजेक्ट उत्कर्ष’ के तहत शिक्षा का डिजिटलीकरण तेज, 168 सरकारी स्कूलों में लगेंगे 884 स्मार्ट टीवी
देहरादून, 17 मार्च 2026। उत्तराखंड में शिक्षा के आधुनिकीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए जिला प्रशासन देहरादून ने “प्रोजेक्ट उत्कर्ष” के अंतर्गत राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में डिजिटल शिक्षण सुविधाओं को तेजी से लागू करना शुरू कर दिया है। मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में जिलाधिकारी सविन बंसल की विशेष पहल और व्यक्तिगत निर्देशन में यह परियोजना संचालित की जा रही है, जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों को तकनीक-सक्षम, आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है।
168 विद्यालयों में स्मार्ट शिक्षण व्यवस्था
इस योजना के तहत जनपद के 168 राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में स्मार्ट क्लासरूम की स्थापना की जा रही है। इसके लिए कुल 884 स्मार्ट टीवी लगाए जा रहे हैं, जिन पर लगभग 3.67 करोड़ रुपये की लागत आएगी। प्रशासन के अनुसार, सभी स्कूलों में स्मार्ट टीवी की आपूर्ति पूरी हो चुकी है और इंस्टॉलेशन का कार्य तेजी से जारी है।

डिजिटल माध्यम से होगी पढ़ाई और भी रोचक
स्मार्ट टीवी के माध्यम से अब कक्षाओं में ऑडियो-वीडियो कंटेंट, ई-लर्निंग मॉड्यूल और डिजिटल पाठ्य सामग्री का उपयोग किया जाएगा। इससे शिक्षण प्रक्रिया अधिक प्रभावी, इंटरैक्टिव और रुचिकर बनेगी। विद्यार्थियों को दीक्षा पोर्टल, पीएम ई-विद्या, शैक्षिक वीडियो और वर्चुअल क्लास जैसी आधुनिक सुविधाओं का लाभ मिलेगा, जिससे उनकी अवधारणात्मक समझ और शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार होगा।
43 और 55 इंच के स्मार्ट टीवी
विद्यालयों की जरूरत के अनुसार 43 इंच और 55 इंच के स्मार्ट टीवी खरीदे गए हैं। इस परियोजना के लिए वित्तीय संसाधन जिला खनन निधि से उपलब्ध कराए गए हैं। इससे पहले भी जिला प्रशासन ने सीएसआर फंड के तहत लगभग 5 करोड़ रुपये की लागत से सरकारी विद्यालयों में फर्नीचर की व्यवस्था सुनिश्चित की थी।

पारदर्शी ई-टेंडर प्रक्रिया से हुआ चयन
स्मार्ट टीवी की खरीद जैम (GeM) पोर्टल के माध्यम से ई-टेंडर प्रक्रिया के जरिए पूरी पारदर्शिता के साथ की गई। इस प्रक्रिया में 12 फर्मों ने भाग लिया, जिनमें तकनीकी और वित्तीय मूल्यांकन के बाद न्यूनतम दर वाली पात्र फर्म का चयन किया गया।
शिक्षा के आधुनिकीकरण की दिशा में बड़ा कदम
जिलाधिकारी सविन बंसल ने इस पहल को शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर बताते हुए कहा कि जिला प्रशासन विद्यार्थियों को आधुनिक संसाधनों से जोड़ने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि जल्द ही सभी विद्यालयों में डिजिटल शिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
यह पहल न केवल डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देगी, बल्कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप तकनीक-आधारित शिक्षण वातावरण विकसित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। प्रशासन का लक्ष्य है कि आने वाले समय में जिले के सभी सरकारी विद्यालय पूरी तरह डिजिटल शिक्षा प्रणाली से सुसज्जित हों।

