हिमाचल और उत्तराखंड एससी आयोगों ने साझा किए अनुभव, पीड़ितों को त्वरित न्याय पर जोर
देहरादून के डांडा धर्मपुर स्थित उत्तराखंड अनुसूचित जाति आयोग कार्यालय में शुक्रवार को हिमाचल प्रदेश अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष कुलदीप कुमार सहित आयोग के सदस्यों ने भ्रमण कर उत्तराखंड में आयोग द्वारा किए जा रहे कार्यों और शिकायत निस्तारण प्रणाली की जानकारी ली। इस दौरान दोनों राज्यों के आयोगों के बीच अनुसूचित जाति समाज के उत्थान, जागरूकता और त्वरित न्याय व्यवस्था को लेकर विस्तृत चर्चा हुई।
उत्तराखंड अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष मुकेश कुमार ने हिमाचल से आए प्रतिनिधिमंडल का पटका पहनाकर और स्मृति चिन्ह भेंट कर स्वागत किया। हिमाचल आयोग के अध्यक्ष कुलदीप कुमार ने कहा कि उत्तराखंड और हिमाचल दोनों पहाड़ी राज्य हैं, जहां अनुसूचित जाति समाज की समस्याएं काफी हद तक समान हैं। उन्होंने हिमाचल सरकार द्वारा संचालित कल्याणकारी योजनाओं और आयोग की कार्यप्रणाली की जानकारी साझा की तथा उत्तराखंड आयोग के कार्यों की सराहना की।
मुकेश कुमार ने बताया कि आयोग में अनुसूचित जाति उत्पीड़न, भूमि विवाद और सामाजिक भेदभाव से जुड़े मामलों का प्राथमिकता के आधार पर त्वरित निस्तारण किया जाता है। उन्होंने कहा कि आयोग का मुख्य उद्देश्य पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाना और समाज में जागरूकता बढ़ाना है।
इस अवसर पर गीता खन्ना, भगवत मकवाना, आयोग की सचिव कविता टम्टा, सदस्य विशाल मुखिया, भागीरथी कुंजवाल, सुनीता देवी और विधिक सलाहकार राजू महर सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

