असम दौरे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुवाहाटी में की विशाल जनसभा
संगठन की ताकत और ‘भारत माता की जय’ का मंत्र
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भाजपा आज जिस मुकाम पर है, उसका श्रेय पार्टी के जमीनी कार्यकर्ताओं को जाता है। उन्होंने कहा,
“हम संगठन की शक्ति को राष्ट्र जीवन में परिवर्तन का आधार मानते हैं। हम एक ही मंत्र को लेकर जिए हैं और उसी को साकार करने के लिए खुद को समर्पित किया है—वो मंत्र है ‘भारत माता की जय’।”
उन्होंने कार्यकर्ताओं की बड़ी संख्या में मौजूदगी को अपना सौभाग्य बताया और संगठन को भाजपा की असली ताकत कहा।
उत्तर-पूर्व को बताया ‘अष्टलक्ष्मी’
प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस सरकारों ने लंबे समय तक उत्तर-पूर्व की अनदेखी की, लेकिन भाजपा-एनडीए सरकार इस क्षेत्र की “भक्तिभाव से सेवा” कर रही है। उन्होंने नॉर्थ-ईस्ट को ‘अष्टलक्ष्मी’ बताते हुए कहा कि हालिया केंद्रीय बजट में इस क्षेत्र के आर्थिक सशक्तिकरण और कनेक्टिविटी को विशेष प्राथमिकता दी गई है।
उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के समय असम को टैक्स हिस्सेदारी के रूप में लगभग 10 हजार करोड़ रुपये मिलते थे, जबकि अब यह राशि लगभग 50 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच रही है। पिछले 11 वर्षों में असम को विभिन्न विकास परियोजनाओं के लिए 5.50 लाख करोड़ रुपये से अधिक की केंद्रीय सहायता मिली है।
कनेक्टिविटी, पर्यटन और रोजगार पर जोर
पीएम मोदी ने कहा कि कनेक्टिविटी बढ़ने से रोजगार के अवसर भी बढ़ते हैं। बजट में असम के लिए हाईवे और अन्य सड़क परियोजनाओं के लिए हजारों करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। उन्होंने ब्रह्मपुत्र नदी पर रिवर टूरिज्म को बढ़ावा देने की भी बात कही।
उन्होंने हाल ही में गुवाहाटी में आयोजित ‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम का उल्लेख करते हुए कहा कि ब्रह्मपुत्र पर क्रूज के जरिए विद्यार्थियों से संवाद एक नया अनुभव था और भविष्य में ऐसे प्रयासों को और विस्तार दिया जाएगा।
पद्म पुरस्कार और सांस्कृतिक विरासत
प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 के बाद उत्तर-पूर्व के 125 से अधिक महान व्यक्तित्वों को पद्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। इससे इस क्षेत्र की प्रतिभा और सामर्थ्य का सम्मान हुआ है। उन्होंने मां कामाख्या के आशीर्वाद का उल्लेख करते हुए असम की सांस्कृतिक और राष्ट्रीय योगदान की सराहना की।
पुलवामा और राष्ट्रीय सुरक्षा
पुलवामा हमले की बरसी का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने शहीदों को श्रद्धांजलि दी और कहा कि भारत ने आतंकवाद के खिलाफ कड़ा जवाब दिया है, जिसे दुनिया ने देखा है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे पर उनकी सरकार दृढ़ फैसले लेने में सक्षम रही है।
कांग्रेस पर निशाना
अपने संबोधन में पीएम मोदी ने कांग्रेस पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने उत्तर-पूर्व की उपेक्षा की और आज भी देशहित के मुद्दों पर स्पष्ट रुख नहीं अपनाती। उन्होंने जनता से कांग्रेस से सावधान रहने की अपील की।
प्रधानमंत्री के इस भाषण में विकास, संगठन, राष्ट्रीय सुरक्षा और राजनीतिक विरोधियों पर हमला—इन सभी मुद्दों का मिश्रण देखने को मिला। गुवाहाटी की जनसभा को आगामी राजनीतिक और विकासात्मक एजेंडे के लिहाज से अहम माना जा रहा है।

