‘साइलेंट किलर’ बनता जा रहा सोडियम: ज्यादा नमक खाने से बढ़ सकता है हार्ट फेलियर का खतरा, जानिए वैज्ञानिक वजह
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी और बदलती लाइफस्टाइल के कारण हाई ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल की समस्या तेजी से बढ़ रही है। प्रोसेस्ड फूड, गलत खानपान, तनाव और नींद की कमी इन समस्याओं की बड़ी वजह हैं। इनका सीधा असर दिल की सेहत पर पड़ता है। अक्सर यह कहा जाता है कि ज्यादा नमक दिल के लिए नुकसानदायक होता है, लेकिन क्या वाकई दिल को स्वस्थ रखने के लिए नमक कम करना जरूरी है? आइए, इस पर वैज्ञानिक तथ्यों के आधार पर समझते हैं।
नमक और दिल की सेहत का गहरा संबंध
medlineplus.gov के अनुसार, नमक हमारी रसोई की सबसे अहम चीजों में से एक है। यह न केवल खाने का स्वाद बढ़ाता है, बल्कि शरीर की कई जरूरी प्रक्रियाओं से भी जुड़ा होता है। हालांकि, शरीर में नमक (सोडियम) की मात्रा ज्यादा या कम होने पर इसका सीधा असर ब्लड प्रेशर और हार्ट हेल्थ पर पड़ता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि सोडियम और हार्ट फेलियर के बीच गहरा संबंध है। हार्ट फेलियर वह स्थिति है, जब दिल शरीर के अन्य हिस्सों तक पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन युक्त खून पंप नहीं कर पाता। ऐसे में शरीर में फ्लूइड (तरल पदार्थ) जमा होने लगता है। ज्यादा सोडियम लेने से यह समस्या और बढ़ सकती है, जिससे पैरों में सूजन, अचानक वजन बढ़ना और सांस फूलने जैसे लक्षण दिखाई देते हैं।
ज्यादा सोडियम क्यों है खतरनाक?
एक्सपर्ट्स के मुताबिक, अत्यधिक नमक का सेवन शरीर में फ्लूइड रिटेंशन को बढ़ाता है, जिससे दिल पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। यही वजह है कि हार्ट फेलियर के मरीजों को सोडियम कम लेने की सलाह दी जाती है। इसके अलावा, अनजाने में ज्यादा सोडियम खाना या कुछ ऐसी दवाओं का सेवन करना, जो शरीर में सोडियम जमा करती हैं—जैसे आइबुप्रोफेन और नेप्रोक्सन जैसी NSAIDs—हार्ट फेलियर की स्थिति को और गंभीर बना सकती हैं। इसलिए नमक के सेवन के साथ-साथ दवाओं को लेकर भी सतर्क रहना जरूरी है।
रोजाना कितना सोडियम लेना है सुरक्षित?
अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन (AHA) के अनुसार, एक दिन में 2,300 मिलीग्राम से अधिक सोडियम नहीं लेना चाहिए। वहीं, ज्यादातर वयस्कों के लिए आदर्श सीमा 1,500 मिलीग्राम प्रतिदिन मानी जाती है।
स्टडीज बताती हैं कि 10 में से 9 लोग रोजाना औसतन 3,400 मिलीग्राम सोडियम का सेवन कर रहे हैं, जो कि सिफारिश की गई मात्रा से कहीं ज्यादा है। यह अधिक मात्रा दिल की सेहत और ब्लड प्रेशर दोनों के लिए नुकसानदायक साबित हो सकती है।
दिल को हेल्दी रखने के लिए अपनाएं ये टिप्स
सिर्फ नमक कम करना ही काफी नहीं है, बल्कि दिल को स्वस्थ रखने के लिए संतुलित और पौष्टिक आहार भी जरूरी है। इसके लिए आप इन बातों का ध्यान रख सकते हैं:
- रंग-बिरंगे फल और सब्जियों को अपनी डाइट में शामिल करें।
- साबुत अनाज का सेवन करें और रिफाइंड अनाज कम खाएं।
- कम फैट या फैट-फ्री डेयरी प्रोडक्ट्स चुनें।
- चिकन खाते समय उसकी स्किन हटा दें।
- हफ्ते में कम से कम दो बार मछली खाएं।
- बिना नमक वाले नट्स, फल और फलियों को डाइट में शामिल करें।
- नॉन-ट्रॉपिकल वेजिटेबल ऑयल का इस्तेमाल करें।
- रेड मीट और सैचुरेटेड फैट का सेवन सीमित रखें।
- मीठे और शुगर वाले ड्रिंक्स से दूरी बनाएं।
- ट्रांस फैट से बचें।
- खाने में अलग-अलग जड़ी-बूटियों और मसालों का इस्तेमाल करें। इससे स्वाद भी बढ़ेगा और नमक की जरूरत भी कम होगी।
छोटे-छोटे बदलाव लंबे समय में बड़ा फर्क ला सकते हैं और आपके दिल को स्वस्थ रखने में मदद कर सकते हैं।
डिस्क्लेमर: इस लेख में दी गई जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है। यह किसी भी तरह से चिकित्सकीय सलाह का विकल्प नहीं है। किसी भी बदलाव को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या हेल्थ एक्सपर्ट से परामर्श जरूर लें।

